जन संदेश

पढ़े हिन्दी, बढ़े हिन्दी, बोले हिन्दी .......राष्ट्रभाषा हिन्दी को बढ़ावा दें। मीडिया व्यूह पर एक सामूहिक प्रयास हिन्दी उत्थान के लिए। मीडिया व्यूह पर आपका स्वागत है । आपको यहां हिन्दी साहित्य कैसा लगा ? आईये हम साथ मिल हिन्दी को बढ़ाये,,,,,, ? हमें जरूर बतायें- संचालक .. हमारा पता है - neeshooalld@gmail.com

Wednesday, April 2, 2008

मुझे पहचानो मैं हूं कौन???


यातायात पुलिसकर्मी और बसपा कार्यकर्ता में भेद करना मुश्किल हो गया है
उत्तर प्रदेश सरकार के एक फ़ैसले से यातायात पुलिसकर्मी और सत्तारूढ़ बहुजन समाज पार्टी (बसपा) के कार्यकर्ताओं के बीच अंतर करना मुश्किल हो गया है. ऐसा वर्दी बदलने से हुआ है.
राज्य के पुलिस महानिदेशक विक्रम सिंह ने पुलिस वर्दी विनियम 1986 के तहत अपने अधिकारों का उपयोग करते हुए एक अप्रैल से यातायात पुलिस के सिपाहियों की वर्दी बदल दी है.
नए आदेश के तहत यातायात पुलिसकर्मियों को सफ़ेद कमीज़ और नीली पैंट पहननी होगी. साथ ही टोपी का रंग भी नीला होगा.संयोग से यही ड्रेस बसपा कार्यकर्ता दस्ते का है जो रैली या पार्टी के अन्य कार्यक्रमों के दौरान व्यवस्था देखते हैं.दस जनवरी 2008 को जारी इस आदेश में यह भी कहा गया है कि सर्दियों में यातायात सिपाही खाकी ऊनी कपड़े के बजाए हल्का नीला स्वेटर और भूरे कोट की जगह हल्की नीली जैकेट पहनेंगे.
बहुत ख़राब लग रहा है. पहले सफ़ेद ड्रेस काफी अच्छी थी. इस समय बिल्कुल मायावती सरकार जैसी ड्रेस हो गई ह.नई वर्दी में जब आज यातायात सिपाही सड़कों पर उतरे तो रास्ते से गुजरने वाले बहुत से लोग भौंचक रह गए.
पुलिसकर्मियों का कहना है कि ये ठीक नहीं किया गया है जबकि कुछ का कहना है कि वे पुलिस बल का हिस्सा हैं और अधिकारी जो आदेश देते हैं, उनका वो पालन करेंगे.हालाँकि इस फ़ैसले से सिविल पुलिस महकमे में भी चर्चा का बाज़ार गर्म है. ऐसा अंदेशा जताया जा रहा है कि कहीं उनकी वर्दी का रंग भी न बदल दिया जाए.
पुलिस महानिदेशक ने वर्दी बदलने के फ़ैसले को सही ठहराया है. वो कहते हैं, “अभी जो वर्दी थी वो जल्दी गंदी हो जाती थी. महाराष्ट्र और दिल्ली में पहले से ही ये ड्रेस है. वर्दी बदलने की प्रक्रिया पहले से चल रही थी. अब इसे सिर्फ़ अमल में.

3 comments:

Suitur said...

बिल्कुल सही..आपसे सहमत हूँ मैं !

अविनाश वाचस्पति said...

मैं मतमत हूं
डबल मत हूं
डबल सहमत हूं.

KRAZZY said...

main aapse se poori tarah se sehmat hun .saata ka durupyog aajkal ka fashion ban gaya hai.........